Production of eight major industries declined by 6.5 percent in March, production of all but coal declined | आठ प्रमुख उद्योगों का उत्पादन मार्च में 6.5 फीसदी घटा, कोयला को छोड़कर बाकी सभी के उत्पादन में गिरावट


  • कोयला उद्योग की विकास दर पिछले साल की समान अवधि के 9.1 फीसदी के मुकाबले घटकर 4.1 फीसदी पर आ गई
  • मार्च 2019 में आठ प्रमुख उद्योगों के उत्पादन में 5.8 फीसदी बढ़ोतरी दर्ज की गई 

दैनिक भास्कर

Apr 30, 2020, 08:52 PM IST

नई दिल्ली. देश के आठ प्रमुख उद्योगों (कोर सेक्टर) का उत्पादन मार्च में 6.5 फीसदी घट गया। इससे पहले फरवरी में कोर सेक्टर का उत्पादन 11 महीने के ऊपरी स्तर पर पहुंच गया था। कोरोनावायरस को फैलने से रोकने के लिए सरकार ने 24 मार्च से पूरे देश में लॉकडाउन लागू कर दिया है। तब से एक ओर जहां आम आदमी का घर से निकलना लगभग बंद हो चुका है, वहीं दूसरी और उद्योग धंधे भी कम क्षमता के साथ काम कर रहे हैं। 24 मार्च से पहले ही कई राज्यों ने लॉकडाउन लगाना शुरू कर दिया था। मार्च 2019 में आठ प्रमुख उद्योगों के उत्पादन में 5.8 फीसदी बढ़ोतरी दर्ज की गई थी।

कोयला उद्योग की विकास दर 9.1 फीसदी से घटकर 4.1 फीसदी पर आई
उद्योग विभाग द्वारा गुरुवार को जारी आंकड़े के मुताबिक सिर्फ कोयला उद्योग के उत्पादन में पिछले महीने बढ़ोतरी दर्ज की गई। लेकिन कोयला उद्योग के उत्पादन की विकास दर भी आलोच्य अवधि में पिछले साल की समान अवधि के 9.1 फीसदी के मुकाबले घटकर 4.1 फीसदी पर आ गई। औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) में जितने भी उद्योगों को शामिल किया जाता है, उनमें कोर सेक्टर के 8 उद्योगों का 40.27 फीसदी योगदान है। पिछले कारोबारी साल के पूरे 12 महीने में कोर सेक्टर के उद्योगों की समग्र विकास दर महज 0.6 फीसदी रही, जो इससे एक साल पहले 4.4 फीसदी थी।

कोर सेक्टर में सीमेंट उद्योग का उत्पादन मार्च में सबसे ज्यादा 24.7 फीसदी घटा
सीमेंट : -24.7 %

प्राकृतिक गैस : -15.2 %

इस्पात : – 13 %

उर्वरक : -11.9 %

बिजली : -7.2 %

कच्चा तेल : -5.5 %

रिफाइनरी उत्पाद : -0.5 %

कोयला : +4.1 %

PM Modi holds special meeting to improve FDI and defense sector – FDI और रक्षा क्षेत्र में सुधार को लेकर पीएम मोदी ने की विशेष बैठक


FDI और रक्षा क्षेत्र में सुधार को लेकर पीएम मोदी ने की विशेष बैठक

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (फाइल फोटो)

खास बातें

  • एयरोस्पेस में भारत को स्वावलंबी बनाने को लेकर की महत्वपूर्ण बैठक
  • कोरोना वायरस की महामारी के बीच देश के रक्षा क्षेत्र में सुधार हो
  • बैठक में रक्षा क्षेत्र में भारत से एक्सपोर्ट को बढ़ावा देने पर चर्चा हुई

नई दिल्ली:

प्रधानमंत्री नरेंद्र  मोदी ने एफडीआई और निवेश को लेकर  की गई बैठक के बाद रक्षा क्षेत्र और एयरोस्पेस में  भारत को स्वावलंबी बनाने को लेकर  की महत्वपूर्ण बैठक. बैठक में पीएम ने कोरोना वायरस की महामारी के बीच देश के रक्षा क्षेत्र में सुधार करने आर्म्ड फोर्सेस की छोटी और लंबी अवधि में जरूरतों को पूरा करने उसे आत्म निर्भर बनाने को लेकर महत्वपूर्ण चर्चा की ताकि अर्थव्यवस्था को मजबूती दी जा सके. इस बैठक में ऑर्डिनेंस फैक्ट्री में  सुधार करने, प्रोक्योरमेंट प्रोसेस को सरलीकरण बनाने के साथ-साथ रिसर्च डेवलपमेंट को बढ़ावा देने डिफेंस, सेक्टर में  निवेश को आकर्षित करने और रक्षा क्षेत्र में भारत से एक्सपोर्ट को बढ़ावा देने पर चर्चा हुई.  

प्रधानमंत्री ने रक्षा और एयरोस्पेस क्षेत्र में दुनिया में भारत  को और सशक्त बनाने पर खासा जोर दिया. प्रधानमंत्री ने डिफेंस सेक्टर में प्रस्तावित सुधार पर धयान देने की बात कही जिसमें देसी और विदेशी निवेश को बढ़ावा दिया जा सके. प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में डिफेंस सेक्टर में खर्चों में कमी करने पर जोर दिया गया, जिससे बचत कर सेना के लिए रणनीतिक तौर पर जरूरी रक्षा खरीद को पूरा किया जा सके.

सबसे अहम उद्योगों का इंडेक्स 6.5 फीसदी गिरा, मोदी सरकार का अब अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए जोर

इसके साथ ही पीएम मोदी ने डिफेंस सेक्टर में इंपोर्ट पर निर्भरता को कम करने और मेक इन इंडिया को बढ़ावा देने और स्टेट ऑफ टेक्नोलॉजी के साथ डिफेंस प्रोडक्शन को बढ़ावा देने पर जोर दिया. इस बैठक में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर समेत भारत सरकार के कई सचिव मौजूद थे. 

Economy News In Hindi : Reliance Industries’ revenue fell 2.5 percent to 151,209 crore, but profit rose 3.7 percent to Rs 10,813 crore. | तिमाही आधार पर आरआईएल का शुद्ध लाभ 38.73 प्रतिशत गिरकर 6,348 करोड़ रुपए हुआ


  • कंपनी का शेयर बीएसई में पहले ही 3 प्रतिशत बढ़कर बंद हुआ।
  • पहली बार सालाना एबिड्‌टा एक लाख करोड़ रुपए के पार हुआ
  • कंपनी की 6.50 रुपए प्रति शेयर डिविडेंड की घोषणा
  • वर्तमान शेयर भाव से कम मूल्य पर आएगा राइट इश्यू

दैनिक भास्कर

Apr 30, 2020, 08:54 PM IST

मुंबई. देश की दिग्गज कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज को वित्तीय वर्ष 2019-20 की चौथी तिमाही में 6,348 करोड़ रुपए का शुद्ध मुनाफा हुआ है। जो इसके पहले के साल की समान अवधि की तुलना में हुए लाभ से 38.73 प्रतिशत कम है।  कंपनी का शेयर बीएसई में 2.86 प्रतिशत बढ़कर 1,467 रुपए पर बंद हुआ। हालांकि एक महीने में इस शेयर ने निवेशकों को 80 प्रतिशत का लाभ दिया है। 23 मार्च को यह शेयर 875 रुपए पर पहुंच गया था। यह एक साल का निचला स्तर था।

कंपनी ने दमदार प्रदर्शन किया है- मुकेश अंबानी

फाइनेंशियल रिजल्ट पर रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश अंबानी ने कहा कि ग्लोबल महामारी से पैदा होने वाली चुनौतीपूर्ण मुश्किलों के बावजूद हमारी कंपनी ने एक बार फिर फाइनेंशियल ईयर 2019-20 के लिए दमदार प्रदर्शन दिया है। हमारे O2C (रसायनों के लिए तेल) व्यवसायों अपने इंटीग्रेटेड पोर्टफोलियो, लागत प्रतिस्पर्धा, feedstock लचीलापन और उत्पाद प्लेसमेंट क्षमताओं के कारण निरंतर आय प्रदान किया। हमने अपने सामान्य उपयोग वाली सभी प्रमुख सुविधाओं का संचालन करना जारी रखा है।

देश का सबसे बड़ा राइट इश्यू लाएगी कंपनी

कंपनी ने गुरुवार की देर शाम जारी फाइनेंशियल रिजल्ट में बताया कि उसका कुल रेवेन्यून 2.30 प्रतिशत गिरकर 1.39 लाख करोड़ रुपए रहा है। कंपनी ने इसी के साथ 53,125 करोड़ रुपए का देश का सबसे बड़ा राइट इश्यू भी घोषित किया। इसकी कीमत 1,257 प्रति शेयर होगी। हालांकि गुरुवार को कंपनी का शेयर बीएसई पर 1,467 रुपए पर बंद हुआ। यह राइट इश्यू शेयरधारकों को रिलायंस के बिजनेस की ग्रोथ में भागीदार बनाने में सक्षम बनाएगा। इसी के साथ कंपनी ने 6.50 रुपए प्रति इक्विटी शेयर का डिविडेंड भी घोषित किया।

सैलरी में की थी कटौती

इससे पहले कंपनी ने दोपहर में बोर्ड मीटिंग में हाइड्रोकार्बन डिवीजन में 15 लाख रुपए से ज्यादा पाने वालों की सैलरी में कटौती का फैसला किया था। जिनकी सैलरी इससे कम है, उन पर इस कटौती का कोई असर नहीं होगा। इसके अलावा बोर्ड या टॉप मैनेजमेंट में शामिल डाइरेक्टरों की सैलरी में 30-50 प्रतिशत कटौती का फैसला लिया गया। चेयरमैन मुकेश अंबानी ने अपनी पूरी सैलरी छोड़ दी।

एसएंडपी ने रेटिंग को स्थिर रखा

इससे पहले बुधवार को रेटिंग एजेंसी स्टैंडर्ड एंड पूअर्स ने रिलायंस इंडस्ट्रीज की वर्तमान रेटिंग बीबीबी प्लस को बनाए रखा। एजेंसी ने कहा कि तेल से लेकर रिटेल क्षेत्र में कार्यरत रिलायंस कंपनी का कर्ज अगले एक-दो साल में कम हो जाएग और इसमें स्थिरता आ जाएगी। एजेंसी ने कंपनी के अनुशासित खर्च, संपत्तियों की व्यवस्थित बिक्री और मजबूत लाभ बनाए रखने की क्षमता का उल्लेख करते हुए उसकी रेटिंग का स्तर वर्तमान बीबीबी+ श्रेणी में बनाए रखा है। फेसबुक ने पिछले सप्ताह रिलायंस इंडस्ट्रीज की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी जिओ प्लैटफॉर्म्स लिमिटेड में 9.99 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदने की घोषणा की।
फेसबुक डील से रिलायंस कम करेगी कर्ज
स्टैंडर्ड ऐंड पुअर्स (एसऐंडपी) ने कहा, “हम उम्मीद करते हैं कि रिलायंस इंडस्ट्रीज इस सौदे से मिलने वाली 43,574 करोड़ रुपये की राशि का इस्तेमाल अपने शुद्ध ऋण को कम करने के लिये करेगी।’ उसने कहा कि फेसबुक के साथ इस सौदे से डिजिटल कारोबार में रिलायंस इंडस्ट्रीज की वृद्धि की क्षमताओं का भी विस्तार होगा। रिलायंस इंडस्ट्रीज फेसबुक के वॉट्सऐप ऐप्लिकेशन पर अपने जिओमार्ट ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म को उतारने की प्रक्रिया तेज करने के लिये फेसबुक के साथ मिलकर काम करेगी।

Coronavirus: ठीक होकर काम पर लौटे पुलिसकर्मियों का ढोल-नगाड़ों के साथ हुआ स्वागत



वहीं ओखला मंडी में तैनात एक सब इंस्पेक्टर कोरोनो पॉजिटिव पाया गया. इससे पहले…

Saharanpur Lockdown Air Pollution (Air Quality Index) Today Latest Updates: Himalayas Mountains Visible From Saharanpur Uttar Pradesh Today News And Updates | प्रदूषण कम हुआ तो सहारनपुर से दिखने लगीं हिमालय की चोटियां, कैमरे से 200 किमी दूर की तस्वीर ली


  • पेशे से इनकम टैक्स अफसर दुष्यंत ने रविवार को फोटो खींची थी
  • सहारानपुर के फॉरेस्ट कंजर्वेशन अधिकारी ने तस्वीरों को ट्वीट किया

दैनिक भास्कर

Apr 30, 2020, 10:13 PM IST

सहारनपुर. लॉकडाउन के चलते हर जगह वायु प्रदूषण खत्म सा हो गया है। दृश्यता इतनी बढ़ गई है कि उत्तराखंड के आसपास के जिलों से सैकड़ों किलोमीटर दूर स्थित हिमालय की पहाड़ियां साफ नजर आ रही है। कुछ ऐसा ही नजारा यूपी के सहारनपुर में देखने को मिला। जहां कैमरे से अपर रेंज की हिमालयन पहाड़ियों के सुंदर दृश्य कैद किए गए। इन तस्वीरों को पेशे से इनकम टैक्स अफसर दुष्यंत कुमार सिंह ने रविवार को लिया। 

दुष्यंत ने बताया कि रविवार को बारिश हुई थी। जिसके बाद का दृश्य देख कर मैं चौंक गया। आसमान बिल्कुल साफ था। सामने बर्फीली पहाड़ियां नजर आ रही थीं। उन्होंने बताया कि चकराता से ऊपर की ओर गंगोत्री यमुनोत्री पर्वत श्रंखला की बंदरपूंछ आदि की पहाड़ियां साफ दिखाई दे रही थीं, जिन्हें उन्होंने अपने कैमरे में कैद कर लिया।

सहारनपुर में रविवार को बारिश के बाद कुछ ऐसा नजारा दिखा था।

सहारनपुर के फॉरेस्ट कंजर्वेशन अधिकारी ने बताया कि 26 अप्रैल को बारिश के बाद आसमान साफ था। लॉकडाउन की वजह से प्रदूषण भी 35% कम हो गया है। ऐसे में गंगोत्री और त्रिशूल रेंज की हिमालयन पहाड़ियां साफ दिखाई दे रही थीं। हालांकि इन पहाड़ियों की सहारनपुर से दूरी करीब 200 किमी है। यमुनोत्री से सहारनपुर की एरियल डिस्टेंस 145 किमी है, जबकि गंगोत्री से सहारनपुर की एरियल डिस्टेंस 175 किमी।

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर मौसम पूरी तरह से साफ हो और बीच में कोई पहाड़ न हो, तो इतनी दूरी की पर्वत श्रंखलाओं को ऊंचाई से देखा जा सकता है। खासकर इस समय प्रदूषण में 40 फीसदी गिरावट दर्ज की गई है। एयर क्वालिटी इंडेक्स यानी एक्यूआई 70 है। 

आईएफएस रमेश पांडेय ने फोटो ट्वीट किए


COVID-19 patients in Gautam Budh Nagar numbered 138, 7 people including a girl and 81 years old


गौतमबुद्ध नगर में COVID-19 के मरीजो की संख्या हुई 138, एक बच्ची और 81 साल के व्यक्ति समेत 7 लोग हुए ठीक

प्रतीकात्मक तस्वीर

खास बातें

  • गौतमबुद्ध नगर प्रशासन के लिए गुरुवार को दिन राहत भरा रहा.
  • जिले में सिर्फ एक महिला में संक्रमण की पुष्टि हुई है.
  • महिला को आइसोलेशन वार्ड में दाखिल करा दिया गया है.

नोएडा:

गौतमबुद्ध नगर प्रशासन के लिए गुरुवार को दिन राहत भरा रहा. जिले में सिर्फ एक महिला में संक्रमण की पुष्टि हुई है. सेक्टर-121 स्थित हाउसिंग सोसायटी निवासी महिला को आइसोलेशन वार्ड में दाखिल करा दिया गया है. इसके साथ ही सोसायटी को सील कर सेनिटाइजेशन का काम शुरू कर दिया गया है. जबकि विभिन्न अस्पतालों में इलाज करा रहे एक बच्ची और तीन महिलाओं समेत 7 लोगों ने कोरोना को परास्त कर दिया. जिले में कुल 138 मरीजों में अब तक 88 लोग स्वस्थ होकर अपने घरों को जा चुके हैं. फिलहाल 50 लोगों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में किया जा रहा है.

जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. सुनील दोहरे ने बताया कि नोएडा के सेक्टर-121 स्थित सिलो काउन्टी हाउसिंग सोसायटी में 27 वर्षीय महिला में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है. बताया जाता है कि वह संक्रमित महिला गर्भवती है. महिला को आइसोलेशन वार्ड में दाखिल करा दिया गया है. इसके साथ ही गौतमबुद्ध नगर जिले में कोविड-19 पॉजिटिव मरीजों की संख्या 138 हो गई है. उन्होंने बताया कि जांच के लिए भेजे गए 112 लोगों की रिपोर्ट गुरुवार को आई है. उनमें 111 निगेटिव पाए गए हैं. सिर्फ महिला कोविड-19 पॉजिटिव पाई गई है.

COVID-19: आगरा में कोरोनावायरस के मामले बढ़कर 455 हुए

डॉ. सुनील दोहरे ने बताया कि गुरुवार को स्वस्थ होने के बाद 07 लोगों को डिस्चार्ज किया गया है. जिन लोगों को अस्पताल से छुट्टी मिली है, उनमें 11 साल की बच्ची और 41 साल की महिला का इलाज दिल्ली के अपोला अस्पताल में हो रहा था. जबकि 63 साल के व्यक्ति को दिल्ली के मैक्स हॉस्पिटल से छुट्टी मिली है. जबकि 53 और 45 वर्षीय दो महिलाओं और 40 साल के व्यक्ति का इलाज ग्रेटर नोएडा के राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान में हो रहा था. इसके अलावा नोएडा के चाइल्ड पीजीआई में इलाज करा रहे 81 साल के व्यक्ति ने कोरोना को परास्त किया है. जबकि 50 लोगों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि जिले में इस समय 736 लोगों को इंस्टीट्यूशनल क्वारंटाइन में रखा गया है.

Big relief for CM Uddhav Thackeray, Governor Koshyari urges Election Commission to conduct elections on 9 vacant seats | राज्यपाल कोश्यारी ने चुनाव आयोग से विधान परिषद की 9 सीटों पर चुनाव करवाने का आग्रह किया


  • सीएम उद्धव ने बुधवार को प्रधानमंत्री से इस मुद्दे पर बात की थी, फिलहाल ठाकरे विधानसभा या विधान परिषद में से किसी के सदस्य नहीं हैं
  • भारतीय चुनाव आयोग की बैठक शुक्रवार को होगी, मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इसमें शामिल होंगे

दैनिक भास्कर

Apr 30, 2020, 10:47 PM IST

मुंबई. महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने गुरुवार शाम चुनाव आयोग को चिट्ठी लिखकर आग्रह किया है कि राज्य विधान परिषद की 9 रिक्त सीटों पर जल्द चुनाव करवाया जाए। यह सीटें 24 अप्रैल से खाली हैं। राज्यपाल का यह फैसला सीएम उद्धव ठाकरे को बड़ी राहत दे सकता है। क्योंकि, वे विधानसभा या विधान परिषद में से किसी के सदस्य नहीं हैं और 27 मई तक उनका किसी एक सदन का सदस्य होना जरूरी है। 28 मई तक उद्धव ठाकरे विधानसभा या परिषद के सदस्य नहीं बने तो उन्हें पद से हटना होगा। इस बीच, राज्य में विधान परिषद की 9 खाली सीटों पर चुनाव के मामले पर भारतीय चुनाव आयोग शुक्रवार को बैठक करेगा। मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस बैठक का हिस्सा बनेंगे।

पीएम से बात के एक दिन बाद राज्यपाल का फैसला

राज्यपाल ने यह कदम तब उठाया है जब एक दिन पहले यानी बुधवार को मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने प्रधानमंत्री से इस मुद्दे पर फोन पर बात की थी। सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने कहा भी था कि राजभवन तक संकेत सही समय में पहुंच जाएगा। इससे पहले महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने दो बार प्रस्ताव पारित कर राज्यपाल से सिफारिश की थी कि वह उद्धव ठाकरे को विधान परिषद का सदस्य मनोनीत कर दें। पर राज्यपाल ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी थी।

12 सीटें गवर्नर के मनोनीत कोटे के तहत
महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे को गवर्नर के मनोनीत कोटे से एमएलसी बनाने के लिए कैबिनेट ने प्रस्ताव भेजा है। राज्य में इससे पहले दत्ता मेघे और दयानंद महास्के को भी मंत्री बनने के बाद राज्यपाल विधान परिषद के लिए मनोनीत कर चुके हैं। आम तौर पर गवर्नर कोटे से एमएलसी मनोनीत करने के लिए कुछ योग्यताएं होनी जरूरी हैं। महाराष्ट्र विधान परिषद की बात करें तो यहां कुल 78 सीटें हैं। इनमें से 66 सीटों पर निर्वाचन होता है, जबकि 12 सीटों के लिए राज्यपाल कोटे से मनोनीत किया जा सकता है।

विधान परिषद में ये निर्वाचित सदस्य
30 सदस्यों को विधानसभा के सदस्य यानी एमएलए चुनते हैं। 7-7 सदस्य स्नातक निर्वाचन और शिक्षक कोटे के तहत चुने जाते हैं। इनमें राज्य के सात डिविजन मुंबई, अमरावती, नासिक, औरंगाबाद, कोंकण, नागपुर और पुणे डिविजन से एक-एक सीट होती है। इसके अलावा 22 सदस्य स्थानीय निकाय निर्वाचन क्षेत्र के तहत चुने जाते हैं।

Senior advocate Prashant Bhushan challenged the FIR lodged against him in Gujarat in the Supreme Court – गुजरात में अपने खिलाफ दर्ज हुई FIR को वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट में दी चुनौती


गुजरात में अपने खिलाफ दर्ज हुई FIR को वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट में दी चुनौती

वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण (फाइल फोटो)

खास बातें

  • गुजरात में अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी
  • सुप्रीम कोर्ट शुक्रवार को प्रशांत भूषण की याचिका पर सुनवाई करेगा
  • रिटायर्ड सेना के एक जवान जयदेव जोशी की शिकायत पर दर्ज हुई FIR

नई दिल्ली:

सुप्रीम कोर्ट के वकील प्रशांत भूषण ने गुजरात में अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है. सुप्रीम कोर्ट शुक्रवार को प्रशांत भूषण की याचिका पर सुनवाई करेगा. बता दें, रिटायर्ड सेना के एक जवान जयदेव जोशी की शिकायत पर, गुजरात के भक्तिनगर पुलिस स्टेशन में वकील प्रशांत भूषण  के खिलाफ धार्मिक भावनाओं को आहत करने और सरकारी आदेशों पर टिप्पणी करने के लिए एफआईआर दर्ज कराई है. प्रशांत भूषण ने पिछले दिनों ट्वीट कर कहा था कि जब जबरन तालाबंदी के कारण करोड़ों का नुकसान हुआ, तो सरकार दूरदर्शन पर रामायण और महाभारत धारावाहिकों की अफीम खिला रही है.

बता दें, कोरोना वायरस (Coronavirus) संकट और लॉकडाउन (Lockdown) की वजह से अर्थव्यवस्था की रफ़्तार गिरती जा रही है. मार्च में आठ सबसे अहम कोर उद्योगों का इंडेक्स 6.5 % गिर गया. सीमेंट प्रोडक्शन 24 फीसदी से ज्यादा गिर गया है. अब मोदी सरकार (Modi Government) ने अर्थव्यवस्था को संकट से उबारने के लिए अर्थव्यवस्था में नया निवेश बढ़ाने  के लिए नई रणनीति तैयार करना शुरू कर दिया है. 

सबसे अहम उद्योगों का इंडेक्स 6.5 फीसदी गिरा, मोदी सरकार का अब अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए जोर

मोदी सरकार का जोर अब अर्थव्यवस्था पर है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने आज एक ही दिन में दो महत्वपूर्ण बैठकें बुलाईं. यह बैठकें विदेशी निवेश बढ़ाने तथा कोयला व खनन क्षेत्र को लेकर बुलाई गईं. इनमें जो बात उभरी उसमें विदेशी निवेश बढ़ाने के लिए फ़ास्ट ट्रैक करने तथा घरेलू क्षेत्र को बढ़ावा देने को जरूरी माना गया. कोयला तथा खनन क्षेत्र में कोविड 19 की महामारी के मद्देनजर अधिक सुधार पर दिया जोर गया. ऑटो सेक्टर की समस्याओं को सुनने के लिए भी बैठक हुई. भारी उद्योग मंत्री प्रकाश जावडेकर ने ऑटो सेक्टर के दिग्गजों से मंत्रणा की. 

After changing the president, the notes of the Labor Party changed, said- Kashmir the case of India and Pakistan; No UK role | अध्यक्ष बदलने के बाद बदले लेबर पार्टी के सुर, कहा- कश्मीर भारत और पाकिस्तान का मामला; ब्रिटेन की कोई भूमिका नहीं


  • हाल ही में जेरेमी कॉर्बिन की जगह केर स्टार्मर बनाए गए हैं अध्यक्ष
  • कश्मीर मामले में दखलअंदाजी करती है ब्रिटेन की लेबर पार्टी

दैनिक भास्कर

May 01, 2020, 01:16 AM IST

लंदन. लेबर पार्टी के अध्यक्ष बदलने के बाद उसके सुर भी बदल गए हैं। हाल ही में अध्यक्ष बने केर स्टार्मर ने कश्मीर पर अपनी पार्टी के स्टैंड को बदल दिया है। स्टार्मर ने कहा है कि कश्मीर भारत और पाकिस्तान के बीच का मुद्दा है। इसमें ब्रिटेन की कोई भूमिका नहीं है। इससे पहले लेबर पार्टी के अध्यक्ष जेरेमी कार्बिन लगातार भारत पर कश्मीर में मानवाधिकार हनन का आरोप लगाते रहे हैं। हाल में हुए चुनावों में बोरिस जॉनसन से हारने के बाद पार्टी ने अध्यक्ष और कश्मीर पर स्टैंड दोनों बदल दिया है।  

लेबर पार्टी के मुखपत्र में दी जानकारी
स्टार्मर ने लेबर फ्रेंड्स ऑफ इंडिया (एलएफआईएन) की एग्जिक्यूटिव टीम से मीटिंग के बाद घोषणा की कि कश्मीर, भारत और पाकिस्तान के बीच का मामला है। ब्रिटेन का इसमें कोई रोल नहीं है और यही लेबर पार्टी का स्टैंड है। लेबर पार्टी के मुखपत्र लेबरलिस्ट में स्टार्मर ने लिखा, “हमें उप-महाद्वीप के मुद्दों की वजह से यहां के समुदायों को विभाजित करने की अनुमति नहीं देनी चाहिए।” भारत में कोई भी संवैधानिक मुद्दा भारतीय संसद का मामला है। कश्मीर भारत और पाकिस्तान के बीच का मुद्दा है और इसे शांति से हल करना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘लेबर पार्टी एक इंटरनेशनलिस्ट पार्टी है और हर जगह के मानवाधिकारों की रक्षा के लिए खड़ी है।’’
ब्रिटिश इंडियन कम्युनिटी से दोबारा से जुड़ने की कोशिश
लेबर पार्टी का कश्मीर पर नया स्टैंड ब्रिटिश इंडियन कम्युनिटी के साथ फिर जुड़ने की कोशिश है। एलएफआईएन ने जेरेमी कार्बिन के कार्यकाल में कश्मीर को लेकर कई बार चेताया था। पार्टी प्रचारकों ने भी चेतावनी दी थी कि कश्मीर मामले में कूदकर पार्टी ने भारतीय समुदाय को नाराज कर दिया है।

लेबर पार्टी कश्मीर पर आपातकालीन प्रस्ताव लाई थी
भारत की ओर से अनुच्छेद 370 खत्म किए जाने के बाद लेबर पार्टी संसद में कश्मीर पर एक आपातकालीन प्रस्ताव लेकर आई थी। इस पर भारत विरोधी बयानबाजी की गई थी। लेबर पार्टी ने कश्मीर मामले पर भारत की आलोचना करते हुए प्रस्ताव पारित किया था और कहा था कि कश्मीर के लोगों को स्वयं फैसला लेने का अधिकार होना चाहिए। इस प्रस्ताव में इंटरनेशनल मॉनिटर को भी कश्मीर एरिया की निगरानी करने के लिए भी कहा गया था। एलएफआईएन ने भी इसकी निंदा की थी।

कार्बिन ने कश्मीर को लेकर ट्वीट भी किए थे
जेरेमी कॉर्बिन ने भी अगस्त 2019 में ट्वीट करते कहा था, ‘‘कश्मीर की स्थिति बहुत ही परेशान करने वाली है। मानवाधिकारों का हनन अस्वीकार्य है। कश्मीरी लोगों के अधिकारों का सम्मान किया जाना चाहिए और संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों को लागू किया जाना चाहिए।’’

एलएफईएन ने लेबर पार्टी के नए कदम का स्वागत किया
लेबर फ्रेंड्स ऑफ इंडिया के सह अध्यक्ष और लंदन के डिप्टी मेयर राजेश अग्रवाल ने लेबर पार्टी के नए कदम का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि हम इंडियन कम्युनिटी और लेबर पार्टी के बीच के संबंधों के फिर से मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह एक शानदार शुरुआत है। एलएफआईएन भारत और ब्रिटेन के बीच संबंध बढ़ाने के लिए काम करता रहेगा।

Delhi Violence: On the lines of Uttar Pradesh, Delhi High Court appointed Claim Commissioner


Delhi Violence: उत्तर प्रदेश की तर्ज पर दिल्ली हाईकोर्ट ने नियुक्त किया क्लेम कमिश्नर

प्रतीकात्मक तस्वीर

खास बातें

  • क्लेम कमिश्नर के जरिए दिल्ली हिंसा में हुए नुकसान की भरपाई की जाएगी
  • हाई कोर्ट के सेवानिवृत्त जज एस एन गौड़ को क्लेम कमीश्नर नियुक्त किया
  • क्लेम कमीश्नर अपनी एक टीम के जरिए हर्जाना बसूलने की कार्यवाही करेगे.

नई दिल्ली:

सीएए और एनआरसी को लेकर हुई विरोध प्रदर्शनों के दौरान दिल्ली में हुई हिंसा के हुए सरकारी नुकासन की भरपाई के लिए राज्य में क्लेम कमिश्नर नियुक्त किया गया है. दिल्ली हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश की तरह राज्य में क्लेम कमिश्नर नियुक्त करने का फैसला किया है. क्लेम कमिश्नर के जरिए दिल्ली हिंसा में हुए नुकसान की भरपाई की जाएगी. दिल्ली हाई कोर्ट के सेवानिवृत्त जज  एस एन गौड़ को क्लेम कमिश्नर नियुक्त किया गया है. क्लेम कमिश्नर दिल्ली मे हुए सभी हिंसा मे निजी और सरकारी संपत्ति के नुकसान का आंकलन करेंगे और फिर आगे की कार्यवाही की जाएगी. क्लेम कमिश्नर अपनी एक टीम के जरिए हर्जाना बसूलने की कार्यवाही करेगे.

दिल्ली हिंसा में जिन-जिन आरोपियों ने इन सम्पत्तियों को नुकसान पहुचाया है उन्ही लोगों से क्लेम कमिश्नर के जरिए हर्जाना वसूला जाएगा. हर्जाना न देने की स्थित में कड़ी कार्यवाही की जाएगी. क्लेम कमिश्नर को दिल्ली सरकार के गृह विभाग की मदद से नियुक्त किया गया है. दिल्ली पुलिस काफी पहले  ही दिल्ली हाईकोर्ट में क्लेम कमिश्नर नियुक्ति करने की अपील कर चुकी थी.  जिसके बाद दिल्ली सरकार के ग्रह विभाग की मदद से क्लेम कमीश्नर नियुक्त किया गया है.