Corona effect Masks distributed to devotees at Ganga Aarti in Benares hands are also being sanitized – कोरोना का असर: बनारस में गंगा आरती में श्रद्धालुओं को बांटे गए मास्क, हाथों को भी किया जा रहा सैनेटाइज


वाराणसी :

दशाश्वमेध घाट पर होने वाली विश्व प्रसिद्ध दैनिक मां गंगा की आरती में श्रद्धालु और पर्यटकों को गंगा सेवा निधि द्वारा प्रसाद स्वरूप कोरोना के बचाव हेतु मास्क बांटे जा रहे हैं और आरती में आए श्रद्धालुओं के हाथों को भी सेनेटाइज किया जा रहा है.  आरती में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को कोरोना वायरस से बचाने के लिए ऐसा किया जा रहा है. गंगा सेवा निधि द्वारा जागरुकता हेतु दशाश्वमेध घाट पर बचाव हेतु बैनर लगाकर जागरुकता फैलाई जा रही है.  

गंगा सेवा निधि के अध्यक्ष सुशांत मिश्र  ने बताया कि आरती में आने वाले श्रद्धालुओं का हैंड सेनेटाइजर से  बचाव किया जा रहा है और आज मां गंगा की आरती में श्रद्धालुओं को मास्क भी वितरित किए गए. बता दें कि कोरोना वाइरस से बचाव को लेकर एहतियात बरतते हुए काशी विश्वनाथ मंदिर प्रशासन ने भी गर्भगृह में प्रवेश पर रोक लगा दी है.

मुख्यकार्यपालक अधिकारी श्री विशाल सिंह ने बताया कि अब सावन माह के सोमवार की तर्ज पर झांकी दर्शन की व्यवस्था करा दी गई है. इसके अलावा सुगम दर्शन काउंटर पर थर्मल स्कैनर से जांच कराई जा रही है. अगर कोई संदिग्ध पाया गया तो उसको तत्काल कबीर चौरा अस्पताल जांच के लिए भेजा जाएगा.

वहीं मंदिर परिसर और बाहर की सड़क को धुलवाया गया है. दवाओं का छिड़काव और हाथ धुलाई का कार्य भी आवश्यक रूप से कराया जा रहा है. बनारस में कोरोना से लड़ने के लिए जिला प्रशासन ने जरूरी एहतियाती कदम उठाए हैं इसमें भीड़भाड़ वाली सभी जगहों पर लोगों के इकट्ठा ना होने की अपील की गई है.

साथ ही सिनेमा हॉल मॉल के मल्टीप्लेक्स 31 मार्च तक के लिए बंद कर दिए गए हैं. इसके साथ ही जिम स्विमिंग पूल स्पोर्ट्स का कोई भी बड़ा आयोजन के साथ ऐसे लोग जो शादी विवाह के लिए किराए पर दिए जाते हैं उनको भी 3 दिन की शॉर्ट नोटिस देने के लिए कहा गया है और जरूरी समारोह में 50 से कम व्यक्ति की संख्या उपस्थित रहने का निर्देश जारी किया गया है. 

होली मिलन समारोह जैसे किसी तरीके की गोष्ठी लोगों से न करने की अपील की गई है. इस तरह से कुल 22 बिंदुओं का आदेश पारित किया गया है इसको ना मानने पर या इसकी अवहेलना पर दंड विधान की धारा 188 के अंतर्गत दंडनीय अपराध का प्रावधान भी किया गया है.

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