Gold sales may fall 30% this year to 25-year lows | सोने की बिक्री इस साल 30% घटकर 25 साल के निचले स्तर पर पहुंच सकती है


  • मुंबई समेत देश के प्रमुख शहरों में लॉकडाउन की वजह से बाजार बंद
  • दुनिया में भारत सोने का दूसरा बड़ा उपभोक्ता, पिछले साल 690 टन सोना बिका था

दैनिक भास्कर

Mar 24, 2020, 11:36 AM IST

नई दिल्ली. कोरोनावायरस की वजह से इस साल देश में सोने की बिक्री 25 साल में सबसे कम रह सकती है। इस साल बिक्री 30% घटने का अनुमान है। सोने की कीमतों में पिछले कुछ महीनों में आई तेजी की वजह से मांग पहले ही कम है। कोरोनावायरस का असर बढ़ने की वजह से देश के ज्यादातर इलाकों में लॉकडाउन होने से बाजार की स्थिति और बिगड़ गई है। चालू वित्त वर्ष में देश की जीडीपी ग्रोथ भी 11 साल में सबसे कम रहने का अनुमान है।

पिछले 25 साल में सबसे कम 477 टन सोना 1995 में बिका था
ब्लूमबर्ग मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक ऑल इंडिया जेम एंड ज्वेलरी डोमेस्टिक काउंसिल के चेयरमैन एन अनंता पद्मनाभन का कहना है कि पिछले साल 690 टन सोना बिका था। लेकिन, इस साल बिक्री 30% घटने का अनुमान है। यानी इस साल 483 टन सोना बिकेगा। ऐसा हुआ तो यह 25 साल में सबसे कम बिक्री होगी। इससे कम 477 टन सोने की बिक्री 1995 में हुई थी।

अगले कुछ हफ्तों में सोने की मांग 40% घटने की आशंका
कोरोनावायरस की वजह से देश के प्रमुख शहरों में शॉपिंग मॉल और कॉम्प्लेक्स बंद हैं। मार्केट वैल्यू के हिसाब से देश के सबसे बड़े ज्वेलर टाइटन ने 29 मार्च तक अपने स्टोर और मैन्युफैक्चरिंग यूनिट बंद कर दी हैं। इसके बाद भी स्थिति को देखते हुए फैसला लिया जाएगा। मुंबई स्थित देश का सबसे बड़ा बुलियन मार्केट जवेरी बाजार भी अगले आदेश तक बंद है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट पृथ्वीराज कोठारी के मुताबिक ऐसे हालातों में आने वाले कुछ हफ्तों में सोने की मांग में 40% कमी आ सकती है।

इंडस्ट्री की मांग- सोने पर इंपोर्ट ड्यूटी घटाकर 4% की जाए
जेम एंड ज्वेलरी एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल और दूसरे उद्योग संगठन इस सेक्टर से जुड़े छोटे कामगारों की मदद का रास्ता तलाश रहे हैं। क्योंकि, लॉकडाउन के हालात लंबे खिंचते हैं तो दिहाड़ी कामगारों का रोजगार छिनेगा। इंडस्ट्री कर्ज के भुगतान के लिए ज्यादा समय देने और सोने पर इंपोर्ट ड्यूटी 12.5% से घटाकर 4% करने की मांग कर रही है।